IMD Weather Update: उत्तर भारत में इन दिनों ठंड अपने चरम पर है। सुबह और रात के समय हड्डियां कंपा देने वाली सर्दी के साथ घना कोहरा लोगों की दिनचर्या को प्रभावित कर रहा है। कई इलाकों में दृश्यता इतनी कम हो गई है कि सड़क, रेल और हवाई यातायात पर भी असर देखने को मिल रहा है। इसी बीच भारतीय मौसम विभाग ने आने वाले दिनों को लेकर एक नया अपडेट जारी किया है, जिसमें बारिश और तापमान में उतार-चढ़ाव की संभावना जताई गई है। पहाड़ी क्षेत्रों में जारी बर्फबारी का असर अब साफ तौर पर मैदानी इलाकों में महसूस किया जा रहा है।
पहाड़ों में बर्फबारी, मैदानी इलाकों में बढ़ी ठिठुरन
उत्तर भारत के पर्वतीय राज्यों में लगातार हो रही बर्फबारी के कारण तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई है। जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के ऊंचाई वाले इलाकों में शून्य से नीचे तापमान बना हुआ है। कई स्थानों पर झीलें और जलस्रोत जमने लगे हैं। इस बर्फबारी का सीधा प्रभाव मैदानी क्षेत्रों के मौसम पर पड़ रहा है, जिससे ठंडी हवाएं चल रही हैं और सर्दी और भी तीखी महसूस हो रही है।
दिल्ली-एनसीआर में कैसा रहेगा मौसम?
राजधानी दिल्ली और आसपास के एनसीआर क्षेत्रों में इस समय सर्दी अपने चरम पर है। न्यूनतम तापमान सामान्य से नीचे बना हुआ है, जिससे सुबह के समय घना कोहरा छाया रहता है। मौसम विभाग के अनुसार, अगले कुछ दिनों तक कोहरे और ठंड से फिलहाल राहत मिलने की संभावना कम है। हालांकि 23 जनवरी के आसपास पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से हल्की बारिश या बूंदाबांदी हो सकती है। बारिश के बाद तापमान में और गिरावट आ सकती है, जिससे ठंड का असर बढ़ सकता है।
उत्तर प्रदेश में ठंड और बारिश की संभावना
उत्तर प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में इस समय शीतलहर का प्रकोप जारी है। सुबह और देर रात ठंडी हवाओं के कारण लोगों को घरों से निकलने में परेशानी हो रही है। मौसम विभाग का अनुमान है कि राज्य में भी 23 जनवरी के आसपास कुछ जिलों में हल्की बारिश देखने को मिल सकती है। पश्चिमी और मध्य यूपी में इसका असर ज्यादा रहने की संभावना है। बारिश के बाद कोहरा और बढ़ सकता है, जिससे तापमान में और गिरावट दर्ज की जा सकती है।
पंजाब और हरियाणा भी शीतलहर की चपेट में
पंजाब और हरियाणा के कई जिलों में न्यूनतम तापमान बेहद नीचे चला गया है। खेतों और खुले इलाकों में पाला पड़ने की घटनाएं सामने आ रही हैं, जिससे फसलों को नुकसान की आशंका बढ़ गई है। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, अगले कुछ दिनों तक इन राज्यों में ठंडी हवाएं चलती रहेंगी। बारिश की संभावना कम है, लेकिन तापमान में बहुत ज्यादा बढ़ोतरी के आसार नहीं हैं।
झारखंड और पूर्वी भारत का हाल
उत्तर भारत के साथ-साथ पूर्वी राज्यों में भी ठंड का असर देखने को मिल रहा है। झारखंड के कई जिलों में तापमान 10 डिग्री सेल्सियस से नीचे दर्ज किया गया है। ग्रामीण इलाकों में सुबह और शाम के समय ठंड ज्यादा महसूस की जा रही है। मौसम विभाग का कहना है कि फिलहाल यहां शुष्क मौसम बना रहेगा, लेकिन ठंडी हवाओं के कारण तापमान में बड़ी राहत नहीं मिलेगी।
अगले 7 दिनों का संभावित मौसम पूर्वानुमान
मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले एक सप्ताह तक उत्तर भारत में मौसम में लगातार बदलाव देखने को मिल सकता है।
पहले कुछ दिनों में कोहरा, शीतलहर और बेहद ठंडा मौसम बना रहेगा।
23 जनवरी के आसपास पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से कुछ इलाकों में हल्की बारिश हो सकती है।
बारिश के बाद तापमान में थोड़ी गिरावट संभव है, जिससे ठंड और बढ़ सकती है।
हालांकि, 26 जनवरी के बाद मौसम में धीरे-धीरे सुधार के संकेत मिल रहे हैं।
गणतंत्र दिवस के बाद मिल सकती है राहत
आम लोगों के लिए राहत की खबर यह है कि 26 जनवरी के बाद मौसम में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। मौसम विभाग का अनुमान है कि गणतंत्र दिवस के बाद कोहरे की तीव्रता में कमी आएगी और दिन के समय धूप निकलने लगेगी। इससे अधिकतम तापमान में हल्की बढ़ोतरी होगी और लंबे समय से जारी ठंड से कुछ राहत मिल सकती है। हालांकि रात के तापमान में अभी भी ठंड बनी रह सकती है।
लोगों को बरतनी होगी सावधानी
मौसम विभाग ने लोगों को सलाह दी है कि अगले कुछ दिनों तक ठंड से बचाव के लिए पूरी सावधानी बरतें। बुजुर्गों, बच्चों और बीमार लोगों को विशेष ध्यान रखने की जरूरत है। सुबह के समय कोहरे के कारण वाहन चलाते समय सतर्क रहें। किसानों को भी फसलों को पाले से बचाने के लिए जरूरी कदम उठाने की सलाह दी गई है।
निष्कर्ष
कुल मिलाकर कहा जाए तो उत्तर भारत में फिलहाल ठंड और कोहरे का दौर जारी रहेगा। पहाड़ों में बर्फबारी और मैदानी इलाकों में संभावित बारिश के कारण मौसम और भी चुनौतीपूर्ण हो सकता है। हालांकि महीने के अंत में मौसम के मिजाज में बदलाव की उम्मीद है। तब तक लोगों को ठंड से बचाव, स्वास्थ्य का ध्यान और मौसम अपडेट पर नजर बनाए रखने की जरूरत है।











